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श्री अर्जुन राम मेघवाल द्वारा लाइब्रेरी हेराल्ड के ज्ञान भंडार देश को समर्पित

सर्वप्रथम न्यूज़ रत्नेश कुमार : श्री अर्जुन राम मेघवाल द्वारा लाइब्रेरी हेराल्ड के ज्ञान भंडार देश को समर्पित
श्री अर्जुन राम मेघवाल भारत सरकार के राज्य मंत्री जी अस्वस्थ होने के बाद भी मुख्य अतिथि के रूप में दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन के लाइब्रेरी हेराल्ड के ज्ञान भंडार (नॉलेज रिपॉजिटरी) उद्घाटन को अपने ऑफिस के स्टाफ के द्वारा वीडियो सन्देश माध्यम से किया और और देश के पुस्तकालयएवं सुचना विज्ञानं से जुड़े लोगो को लाइब्रेरियनस दिवस पर एक अच्छा उपहार दिया I दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन महासचिव और दिल्ली विश्वद्यालय में पुस्तकालय और सुचना विज्ञानं के प्रोफेसर डॉ के पी सिंह जो ज्ञान भंडार के मुख्य शिल्पी है उन्हों ने लाइब्रेरी हेराल्ड के ज्ञान भंडार के बारे में 1958 से लेकर अब तक के सफर को प्रथम लेख ,जो पदम श्री एस आर रंगनाथन ने लिखी थी, प्रथम संपादक पदमश्री प्रोफेसर कौला से लेकर लाइब्रेरी हेराल्ड के वर्त्तमान संपादक प्रोफेसर जयदीप शर्मा एवं दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ आर के शर्मा सहित वर्त्तमान टीम के योगदान को संक्षिप्त रूप में उपस्थित श्रोतागण, मुख्य वक्ता एवं सम्मानित अतिथि को जानकारी दी I 12 अगस्त 2020 ,दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन ने पदम श्री एस आर रंगनाथन की 128 वीं जयंती एवं वेबिनार के माध्यम से, 18 वी डॉ एस आर रंगनाथन स्मृति व्याख्यानमाला का आयोजन किया I कार्यक्रम की शुरूआत एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ आर के शर्मा ने उपस्थित श्रोतागण को रंगनाथन के हार्दिक स्मरण के साथ लाइब्रेरियनस दिवस की शुभकामनाओ के साथ की तदुउपरांत आज के मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित प्रोफेसर भगवती प्रकाश शर्मा ,कुलपति ,गौतम बुद्धा विश्वविद्यालय नोएडा एवं सम्मानित अतिथि प्रोफेसर बलराम पानी डीन ऑफ़ कॉलेजेस ,दिल्ली विश्वविद्यालय का परिचय दिया गया और दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन के द्वारा स्वागत किया गया Iव्याख्यानमाला के पर वक्ताओं ने विस्तार से प्रकाश डाला। प्रोफेसर बलराम पानी ने अपने संबोधन में पदमश्री रंगनाथन उन के व्यक्तिव और कार्य की चर्चा करते हुए शिक्षा में पुस्तकालय के महत्व को विशेष रूप से रेखांखित किया I मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित प्रोफेसर शर्मा ने पुस्तकालय के दर्शन पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कहा कि पुस्तक एवं पुस्तकालय का महत्व को हर युग में प्रासंगिक था और रहेगा। आज पुस्तकालय कोरोना वायरस के समय, किस तरह अधिकतम इस्तेमाल हो इस पर सोचने आवश्यकता है , कॉलेज एवं विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए डिजिटल कार्यकर्म एवं सॉफ्टवेयर जागरूकता के लिए आयोजित कार्यकर्म करने पर बल दियाI कार्यक्रम का संचालन दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन महासचिव और दिल्ली विश्वद्यालय में पुस्तकालय और सुचना विज्ञानं के प्रोफेसर डॉ के पी सिंह ने किया तथा दिल्ली लाइब्रेरी एसोसिएशन कार्यकारिणी परिषद की तरफ से धन्यवाद ज्ञापन स्कूल ऑफ़ लाइब्रेरी साइंस की प्राचार्य सुश्री कला अजनदत्ता ने किया । इस मौके पर देश के कई प्रमुख शिक्षाविद ,पुस्तकालय जगत की कई हस्ती , शिक्षकों के साथ ही स्कूल ऑफ़ लाइब्रेरी साइंस छात्र-छात्राएं 350 से ज्यादा लोग सम्मलित हुए ।

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