इतिहास में पहली बार रेलवे 26 हजार 338 करोड़ रुपए के घाटे में

सर्वप्रथम न्यूज़ सौरभ कुमार :केंद्र सरकार द्वारा मुनाफों के दावों के बावजूद भारतीय रेल घाटे से जूझ रही है। महालेखा परीक्षक (सी.ए.जी.) की रिपोर्ट के अनुसार रेलवे को 26 हजार 338 करोड़ रुपए का पिछले एक साल में घाटा हुआ। माना जा रहा है कि रेलवे को इतिहास में पहली बार इतना घाटा हुआ है। रेलवे की माने तो मंत्रालय के अनुसार 1,589 करोड़ रुपए का नेट सरप्लस दिखाया गया था, जोकि साल 2019-20 में 100 रुपए कमाने के लिए रेलवे ने 114 रुपए के करीब किए खर्च सी. ए. जी. की रिपोर्ट के अनुसार गलत साबित हुआ है। सी. ए. जी. ने रेलवे वित्त प्रतिवेदन पेश किया था। प्रतिवेदन के 3 अध्यायों में इसे 26, 326.39 करोड़ रुपए का घाटा बताया गया है। समान्य तौर पर इसे ऐसे समझा जा सकता है कि साल 2019-20 में 100 रुपए कमाने के लिए रेलवे ने 114 रुपए के करीब खर्च किए, जबकि रेलवे विभाग की बैलेस सीट में इस वित्तीय वर्ष में परिचालन अनुपात 98.36 फीसदी अनुमानित बताया था।

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