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दिव्यांग विवाह योजना : ताकि समाज में मिले सम्मानपूर्वक जीवन

 

सर्वप्रथम न्यूज़ आदित्य राज पटना:- दिव्यांग बेटियों के विवाह और अंतरजातीय विवाह को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 2016 के फरवरी माह में मुख्यमंत्री दिव्यांग विवाह योजना की शुरुआत की गयी है. इसके अंतर्गत दिव्यांग कन्या की शादी 18 वर्ष के बाद करने पर उसे प्रोत्साहन के रूप में पचास हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जानी है. इसके तहत अब तक कुल 20 दिव्यांग जोड़ों ने आवेदन दिया है. वर्ष 2016-17 में इसके लिए कुल 50 करोड़ की राशि भी निर्गत हुई थी. समाज कल्याण विभाग की ओर से दिव्यांग विवाह योजना की शुरुआत की गयी है. इसके तहत 2016 फरवरी के बाद ब्याही गयीं वैसी बेटियों को सरकार की ओर से 10,0000 रुपये का भुगतान किया जाना है जो, दिव्यांग है. वहीं वर और वधू दोनों के दिव्यांग होने की स्थिति में दोनों को 01-01 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जानी है.

योजना का लाभ कौन ले सकते है:- योजना का लाभ किसी भी समुदाय के लोग ले सकते हैं. जाती के विवाह में देय है.

दिव्यांग विवाह योजना के उद्देश्य:- योजना का उद्देश्य दिव्यांग लड़के -लड़कियों को विवाह के लिए प्रोत्साहित करना है. यह उन्हें आर्थिक सहायता प्रदान करता है. साथ ही विवाह को सफल बनाने के लिए प्रोत्साहित करना है. ताकि दिव्यांग बेटियां समाज में उपेक्षित नजराें से न देखी जायें और समाज में सम्मानपूर्वक जीवन जी सकें.

कौन कौन ले सकेंगे योजना का लाभ:- योजना का लाभ बिहार राज्य के स्थायी निवासी या जो बिहार में कम से कम दस वर्षों से रह रहें हैं, उन्हें ही दिया जायेगा. इसमें दिव्यांग स्त्री या पुरुष की दिव्यांगता का चालीस प्रतिशत या उससे अधिक होनी चाहिए. प्रमाणीकृत दिव्यांगों को ही योजना का लाभ मिलेगा. योजना में आय की कोई सीमा नहीं होगी.

इसके लिए जरूरी दस्तावेज:- दो प्रतियों में संलग्न संयुक्त फोटो, दिव्यांग प्रमाण पत्र, आवास प्रमाण पत्र, जन्म प्रमाण पत्र व विवाह निबंधन प्रमाण पत्र देकर आवेदन जमा कर सकते हैं. योजना की राशि तीन वर्ष बाद ही दिव्यांग वर या वधू के खाते में जमा किये जायेंगे. आवेदन दिव्यांग वर व वधू जिनको योजना का लाभ मिलना है उनके गृह जिले से भरे जायेंगे. प्रमाणपत्रों को विधिवत जांच के बाद ही योजना के लाभ के लिए उनका चयन किया जाना है.

यहां आवेदन कर सकते है:- 18 वर्ष बाद शादी करने के बाद विवाह तिथि से दो वर्ष के अंदर आवेदन कर सकते हैं. आवेदन संबंधित सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग के पास जमा करना होगा. जो कि प्रत्येक जिले में इकाई संचालित है.

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