सर्वप्रथम न्यूज़ सौरभ कुमार :ऐसा इसलिए होता है कि एक ट्रेन में बीच के बड़े स्टेशनों से भी कोटे होते हैं। हो सकता है ओरिजिनेटिंग स्टेशन से उनकी बुकिंग पूरी न हो पायी हो।
- रेलवे के डिवीजनल और जोनल मुख्यालयों के HO (High Official) कोटा होते हैं। वो खाली दिखते हैं।
- संसद भवन के भी कोटे होते हैं। शायद कभी-कभी वह भी खाली रह जाते हों।
- ऊपर बताए सारे कोटे चार्ट बनाते समय ही प्रभावी (Implement) किये जाते हैं।
- तत्काल कोटा आफ सीजन या कम महत्वपूर्ण गाड़ियों के खाली रह जाते हैं।
- यह भी हो सकता है कि अन्तिम दिन कैंंसेलेशन ज्यादा हो गये हों।
यही सब वजह हो सकती हैं ट्रेन में खाली बर्थ दिखने की। मैंने ये सब जनरल लौजिक से लिखा है। मैं रेलवे रिजर्वेशन सिस्टम से पूरी तरह वाकिफ नहीं हूँ।
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