दिव्यांगों को राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन मैं कब उचित स्थान प्राप्त हो सका

सर्वप्रथम न्यूज़ सौरभ कुमार : 12 अप्रैल, 2005 में शुरू किये गए के राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन मैं दिव्यांगों को शामिल किया गया महिलाओं सहित बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार, वंचित समूहों की स्वास्थ्य जरूरतों को पूरा करना और सार्वजनिक स्वास्थ्य को मजबूत और सक्षम बनाने के साथ कुशल स्वास्थ्य सेवा वितरण बढ़ाना आदि लक्ष्य निर्धारित हैं। यह भाग इससे जुड़ीं महत्वपूर्ण जानकारियों को जानने का अवसर देता है। आयुष चिकित्सा प्रणाली में दिव्यांगों को सम्मिलित किया गया चिकित्सा और होम्योपैथी (भारतीय चिकित्सा पद्धति एवं होम्योपैथी) विभाग मार्च, 1995 में बनाया। वैकल्पिक चिकित्सा पद्धति के रुप में अपनी पहचान हासिल कर यह विभाग अपनी उपयोगिता से लोकप्रिय होते हुए महत्वपूर्ण स्थान बना रहा है।

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